UPS Full Form In Hindi, UPS क्या होता है, UPS Ka Meaning In English

आज हम देखेंगे UPS क्या होता है और UPS Full form In Hindi क्या है | बहुत से लोग नयी टेक्नोलॉजी के बारे में जानने के लिए उत्सुक होते है , तो चलिए आज हम UPS से सम्बन्धित कुछ जानकारी प्राप्त करेंगे |

UPS Full Form In Hindi | UPS Full Form In Computer

UPS की Full form ” Uninterrupted Power Supply ” है | वही इसे Hindi में ” अबाधित विद्युत आपूर्ति ” कहते है, जो की एक तरह की मशीन है |

जब हम कंप्यूटर पर काम कर रहे हो और अचानक बिजली कट जाये तो हमारा काम तो अधूरा रह जाता है , लेकिन जो काम किया वो भी सेव नहीं हो पाता| कई बार हम बहुत ज़रुरी काम कर रहे हो और बिजली का अचानक कट जाना बहुत परेशानियों खड़ी कर देता है | इसलिये कंप्यूटर के साथ UPS  को कनेक्ट करना चाहिए , जिसकी मदद से यदि बिजली न भी हो , तो भी आप कंप्यूटर कम से कम 20 मिनट तक UPS से चल सकता है |

UPS क्या होता है? OR What Is UPS In Hindi?

UPS एक मशीन है , जो बैक अप के तौर पे काम आता है | यदि बिजली चली जाये , तो आपका कंप्यूटर तुरंत बंद हो जाता है | UPS की मदद से कंप्यूटर को पावर सप्लाई मिलता है , जिससे वो अपने काम को सेव कर सके | UPS एक हार्डवेयर डिवाइस है , जिसमें एक बैटरी होती है , जो कंप्यूटर को पावर सप्लाई देता है , बिजली न होने पे | आम तौर पर इसकी मदद से आप 20 – 40 मिनट तक अपने कंप्यूटर पर काम कर सकते हो |

UPS का रन टाइम बहुत काम है , लेकिन कंप्यूटर पे किया गया काम स्टोर या सेव करने ले लिए पर्याप्त है | आपका कंप्यूटर बिजली जाने के बाद भी कुछ मिंट तक चल सकता है , ताकि अपने जो भी काम किया वो स्टोर हो सके | इससे आप अपना डाटा सुरक्षित कर सकते है और Rework से बच सकते है | UPS में एक पावर बैटरी होती है , जिसको चार्ज करना बहुत आवश्यक है और इसलिए UPS को मेन स्विच से जोड़ कर बैटरी चार्ज की जाती है | Battery फुल्ली चार्ज होने से कंप्यूटर पे आप लम्बे समय तक काम कर सकते है |


UPS के पार्टस

ऊपर हमने UPS Full Form In Hindi के बारे में जाना , अब यू-पी-एस के Parts के बारे में जानते है | UPS में कई पार्टस होते है, जैसे कि :

  • Rectifier

पावर सप्लाई हमेशा AC में होता है , लेकिन हमें बैटरी चार्ज करने के लिए DC चाहिए | Rectifier AC को DC में कन्वर्ट करता है | यह आपके UPS के इन्वर्टर सर्किट में पाया जाता है और इसका आउटपुट आप कितना लोड दे रहे हो उस पर निर्भर होता है |

  • Contractor

इस स्विच द्वारा , पावर को ट्रांसफ़र किया जाता है | ये switching के काम आता  है और बिजली के जाते ही 20 सेकंड में ये पावर सप्लाई स्टार्ट करने लग जाता है |

  • Inverter

यह Rectifier से पूरी तरह विपरीत में काम करता है | यह DC सप्लाई को AC में कन्वर्ट करता है और साथ ही DC की frequency और Amplitude को भी AC में कन्वर्ट करता है | यह एक तरह का आउटपुट सिग्नल वेव है , जो लोड के लिए UPS को तैयार करता है |

  • Battery

यह UPS का ऐनर्जी स्टोर है , जो पावर सप्लाई बंद होने पे कंप्यूटर को बिजली सप्लाई करता है | बैटरी भी कई प्रकार की हो सकती है , जैसे की LEAD , ACID |



UPS के प्रकार

  • Standby UPS

यह ऑफ लाइन UPS के नाम से भी जाना जाता है , जो कि कंप्यूटर में बिजली न होने पर पावर सप्लाई के काम आता है | इसमें बैटरी, स्विच इत्यादि होता है , जो कंप्यूटर को इलैक्ट्रिसिटी प्रदान करता है | इस तरह के UPS पहले खुद की बैटरी चार्ज करते है और फिर बिजली न होने पर Stored पावर द्वारा कंप्यूटर को पावर Supply करते है | यह अधिकतर पर्सनल कंप्यूटर के साथ इस्तेमाल किया जाता है और ये आपके कंप्यूटर के लिए Standby पावर सप्लाई का काम करता है |

  • Online UPS

इसे डबल कन्वर्शन पावर सप्लाई के नाम से भी जाना जाता है और ये सबसे अधिक इस्तेमाल होता है | यह Standby UPS की तरह ही होता है , लेकिन इस में पावर सप्लाई मुख्य AC नहीं बल्कि Inverter होता है | जब AC सप्लाई फ़ैल हो जाता है , यह UPS बैटरी DC to DC कन्वर्ट करता है और आपके काम में कही भी अड़चन नहीं होती |

  • Line Interactive UPS

यह ज्यादातर डिपार्टमैंटल स्टोर या ऐसे छोटे व्यवसाय में सबसे अधिक इस्तेमाल किये जाने वाला UPS है | यह वोल्टेज  को नियमन करता है , जैसे यदि low वोल्टेज है , तो ये उसे बढ़ा देता है वैसे ही हाई वोल्टेज को भी कंट्रोल करता है | जब प्वॉयर सप्लाई हो रहा है , तब ये बैटरी को चार्ज करता है | वही यदि पावर बंद है , तो इन्वर्टर की तरह काम करता है |


UPS कैसे काम करता है? ( UPS Full Form In Hindi )

UPS , कंप्यूटर के इलैक्ट्रिसिटी के प्रवाह को Control करता है | इस तरह वो Voltage strikes के समय आपके Computer को सुरक्षित रखता है |

यह total power failure के समय आपके कंप्यूटर को इतना टाइम देता है , जिससे आप अपना काम सेव कर सके |

कई बार इलैक्ट्रिसिटी का प्रवाह कम होता है , जो आपको कंप्यूटर के अनुकूल नहीं होता , जिसे Voltage Sags कहा जाता है | उस समय UPS आपके कंप्यूटर को इलैक्ट्रिसिटी बना कर उसके अनुसार सप्लाई करता है , जिससे बैलेंस हो सके |

Power Oscillation ( बिजली की Frequency कम या ज्यादा होना) से कंप्यूटर को नुकसान हो सकता है और आप मुसीबत में पड़ सकते हो | UPS इस समय में आपके कंप्यूटर को किस भी नुकसान से सुरक्षित  करता है और आपके कंप्यूटर को लम्बी उम्र प्रदान करता है |

UPS के लाभ

  • अचानक मुख्य पावर सप्लाई बंद होने पर ये Continous काम करता है , जिससे आप कंप्यूटर per अपना काम सेव कर सके |
  • बिजली की अस्थिरता के कारण कंप्यूटर ख़राब हो सकता है , लेकिन UPS उसे कंट्रोल करता है | जिससे आपका कंप्यूटर सुरक्षित रह सके |
  • UPS द्वारा आपके कंप्यूटर को बैलेंस्ड करंट फ्लो मिलता है , जिससे बिजली जाने के बाद भी आपको अपना काम पूरा या स्टोर करने का समय मिल सके |
  • बिजली के वजह से होने वाले डाटा Loses को UPS द्वारा सेव किया जा सकता है | आपको इतना समय मिलता है , कि काम को सेव करके Safely shut down कर सके |
  • यह एक तरह का Emergency पावर सोर्स है , जो पर्सनल या office के लिए बहुत लाभदायक है| बिजली कट जाने पर कंप्यूटर इसके Power सप्लाई पे काम कर सकता है , जिससे आप अपना काम सेव कर सके |

यदि आप भी कंप्यूटर का इस्तेमाल करते है , तो UPS आपको बहुत मददरूप रहेगा | यहाँ हम ने आपको UPS Full Form in Hindi के बारे में सारी जानकारी प्रदान की है , जो आपको जानना बहुत ज़रुरी है |

यदि आपके मन में UPS Full Form In Hindi , UPS Kya Hai ? से रिलेटेड कुछ है , तो आप कमेंट बॉक्स में कमेंट कर सकते है |

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